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सिंहन कै शासन खतम हुआ अब देश सियार संभालेंगे ।।


यहि राष्‍ट्रधर्म कै बात आज हम हिरिदय माँझ छुपा लेंगे ।
सिंहन कै शासन खतम हुआ अब देश सियार संभालेंगे ।।

इ गठबन्‍धन कै दौर हुवै का फरक कउन जीता हारा
जौ अबकी बहुमत पूर्ण मिला बनवाइब इक बंगला न्‍यारा
जौ जनाधार कमजोर परा दुसरे से हांथ मिला लेंगे ।।
सिंहन कै शासन खतम हुआ अब देश सियार संभालेंगे ।।

ई मूसमार हम बेंचि बेंचि कइसौ मन्‍त्री कै पद पायन
पूरा प्रदेश बा बचा भले हम एक शहर का चरि खायन
हम मोटका मूसर हई दवाई कउनो दिहौ पचा लेंगे ।।
सिंहन कै शासन खतम हुआ अब देश सियार संभालेंगे ।।

ई राष्‍ट्रगान और राष्‍ट्रगीत हिन्‍दुस्‍तानिन कै टोटा है
इस्‍लाम अहै सबसे महान ई राष्‍ट्रधर्म तौ छोटा है
हम मुसुरमान कट्टर होई खुद आपन नियम बना लेंगे ।।
सिंहन कै शासन खतम हुआ अब देश सियार संभालेंगे ।।

तू करौ घोटाला खूब गुरू रिस्‍तेदारन का भी बाँटौ
मूडे पै हाँथ सोनिया कै, यनका काटौ वनका काटौ
यैं का करिहैं ज्‍यादा से ज्‍यादा पद से इस्‍तीफा लेंगे ।।
सिंहन कै शासन खतम हुआ अब देश सियार संभालेंगे ।।

गलती से पाकिस्‍तान गवा तेईस साल कै जेल भवा
उ मारि काटि कै भेजि दिहिस, ई मेहमानी कै चलन नवा
काहें मार् यौ सनउल्‍ला का, अब हम ओकर बदला लेंगे ।।
सिंहन कै शासन खतम हुआ अब देश सियार संभालेंगे ।।

तू नीक ढिठाई कर् यौ चीन घुसि कै भारत सीमा अंदर
ई अच्‍छी आद‍त नाय रोज तू करथ्‍यौ एक नया छन्‍दर
अब चुप्‍पै लौटि जाव नाहित हम फिरसे शीश झुका लेंगे ।।
सिंहन कै शासन खतम हुआ अब देश सियार संभालेंगे ।।

अब कहाँ महाराणा प्रताप शिव भगत चन्‍द्रशेखर सुभाष
ई गान्धी कै बस देश हुवै चोरौ लुच्‍चौ घूमौ आजाद
सी.बी.आई. आपन तोता तू कुछू कहौ बकवालेंगे ।।
सिंहन कै शासन खतम हुआ अब देश सियार संभालेंगे ।।

ई कर‍कच रोज परोसिन कै के लरै रोज मुह पिरवावै
ताना मारै मा बडा मजा, यस बोलै बस जिउ जरि जावै
जौ एसे नाय परै पूरा, दिग्‍गी यस कुत्‍ता पालेंगे ।।
सिंहन कै शासन खतम हुआ अब देश सियार संभालेंगे ।।

उ दूसर भारत रहा जहाँ मेहनत सेवा सम्‍मान रहा
ई हुवै सदी इक्‍कीस आज  दकियानूसी सिद्धान्‍त कहाँ
'आनन्‍द' बचा बाट्या अपुवाँ अब यहि से जादा का लेंगे ।।
सिंहन कै शासन खतम हुआ अब देश सियार संभालेंगे ।।

कवि आनन्‍द अवधी की रचना

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